अपने व्यक्तित्व में निखार कैसे करे| apni personality develop kaise kare.

Personality develop कैसे करे

Personality Origin:‐

 apni personality develop kaise kare:- “Personality” शब्द से तो हम सभी  वाकिफ़ हैं!लेकिन शायद बहुत कम लोग जानते होंगे,कि यह  शब्द लेटिन शब्द “persona” से लिया गया है जिसका अर्थ होता है “मास्क”! इस शब्द की सही रुप से महत्ता जानने के लिये आइये इसके अर्थ पर  नज़र डालते हैं!

और यह समझने की कोशिश भी करते  हैं कि व्यक्तित्व का विकास (Personality Development) क्यों जरुरी है?

इस आर्टिकल के माध्यम से आप जानेंगे कि आप apni personality develop kaise kare कैसे कर सकेंगे या उसमें और निखार कैसे लायेंगे?

Personality: meaning and definition

What is personality?

एक व्यक्तित्व से अभिप्राय है, “एक इन्सान की स्वयं की व्याख्या”! आखिर एक इन्सान खुद को किस नज़र से देखता है! आखिर एक इन्सान अपना कितना मूल्य समझता है!

इन सभी शब्दों को समझने के लिये ,सबसे पहले हमें समझना होगा कि एक शानदार व्यक्तित्व दौलत से नहीं,अपने ही अनुशासन और  आत्मविश्वास से बनते हैं!अक्सर लोग कहा करते है, “First impression is the last impression. “ सही मायनों में कहा जाये तो “First impression is very very important but not the last impression. “

आइये समझते हैं, अपने व्यक्तित्व में निखार कैसे करे. (apni personality develop kaise kare) के लिए उन  छोटी-छोटी बातों के ज़रिये,शायद जिन पर हम ज्यादा ध्यान नहीं देते!

Personality Types.

अलग -अलग लोगों को देखकर अक्सर हम अनुमान लगाते हैं,किस व्यक्ति की प्रकृति क्या होगी? उनके शौक क्या हो सकते हैं?या फिर वो शाँत स्वभाव के हैं या खुला मिजाज़ है उनका!

इस तरह की ही कुछ बातें हैं,जो एक इन्सान के व्यक्तित्व से ही  अनुमान लगाया जा सकता है! और इन सब अनुमानों का अध्ययन करना व्यक्तित्व के  विकास(personality development ) के लिये जरुरी है।

सरल शब्दों में कहें तो व्यक्तित्व के भी कई प्रकार होते हैं!(personality is of four types). आइये नज़र डालते हैं,इनके प्रकार पर ,कि कैसे हम इंसानों को पहचान सकते हैं.

Type 1

 इस तरह की व्यक्तित्व  वाले, लोगों से मिलना पसंद करते हैं! नई -नई चीजें करने में बहुत दिलचस्पी होती है!इस तरह के लोगों में गुस्सा बहुत होता है और  तुरंत भड़क जाते हैं!

हर वक़्त जल्दी में रहते हैं,अगर काम ना हुआ हो तो अपना आपा खो देते हैं!इसलिये इस तरह के लोग हमेशा संघर्ष करते रहते हैं! शाँत नहीं रह पाते! दिल की बिमारियों से जूझते हैं.

Type 2                                      

 इस तरह के व्यक्तित्व वाले लोग बाहरी लोगों से मिलना पसंद नहीं करते! इस तरह के लोगों में competition की भावना नहीं होती,अपनी ज़िंदगी से संतुष्ट रहते हैं! इस तरह के लोग भावुक होते हैं,अपने आपको को दर्शा नहीं  पाते!

Type 3

                     

इस तरह के लोग शाँत होने की वज़ह से आकर्षित दिखते हैं!अपना गुस्सा कभी किसी पर नहीं निकालते! सहन करने की असीम क्षमता होती है,अपनी ज़िंदगी से बेहद संतुष्ट होते हैं!

अक्सर अकेलेपन से गुज़रते हैं!नेगेटिव सोच और निराशाजनक होते हैं!इस तरह के लोग कैंसर जैसी बिमारियों के शिकार होते हैं!

Type 4

                      

इस तरह के लोग बहुत निराशावादी होते हैं!ज़िंदगी से कोई उम्मीद नहीं रखते!बहुत ही ज्यादा भावुक और डरे हुए रहते हैं! Rejection सह नहीं पाते!बहुत ही ज्यादा अकेलेपन से जूझते हैं!इस तरह के लोग में बहुत ही कम उम्र में मृत्यु की सम्भावना रहती है!

इस प्रकार Personality को समझने के लिये तीन भागों में  भी बांट सकते हैं

Extroverts

Extroverts वो लोग होते हैं जिन्हें लोगों से बात करना,लोगों के बीच में रहना काफ़ी पसंद होता है!सकारात्मक सोच होती है!लोगों से बात करना और अपने आइडिया बताना इन्हें बेहद पसंद है!

Introverts

 Introverts वो लोग होते हैं  जिन्हें अकेला रहना ज्यादा पसंद होता है!लोगों से बात करने से बचते हैं!इस तरह के लोग बहुत भावुक होते हैं!

Ambiverts

Ambiverts वो लोग होते हैं जिनमें extroverts और introverts दोनो के गुण पाये जाते हैं!ना ज्यादा ना कम,दोनों के फीचर्स होते है! प्रकार के बारे में बात करने के बाद आप जान ही गये होंगे कि किस तरह का व्यक्तित्व है आपका!

How to develop personality ? (व्यक्तित्व का विकास कैसे करें ?)

apni personality develop kaise kare

अपने व्यक्तित्व का विकास(Personality development)कैसे किया जाये?इसके लिये हमें कुछ बातों पर  ध्यान देना होगा-.

Thoughts

हमेशा याद रखिये, हर एक इन्सान खुदा की बनाई हुई एक खूबसूरत अभिव्यक्ति हैं! खुद से प्यार कीजिये,खुद का ख्याल रखिये!तभी आप खुश रह पायेंगे!हमेशा याद रखो,खुद के लिये आप बहुत ही ज़रुरी शख्स हैं! अपनी सोच में सकारात्मकता होनी चाहिये!अच्छा सोचो,अच्छा पढ़ो,अच्छा सुनो!

Values

हमें समझना होगा कि दौलत से सांसारिक वस्तुएँ तो खरीदी जा सकती है लेकिन नैतिक मूल्य ईमानदारी,स्वाभिमान,आत्मविश्वास  अनमोल है,जिसकी कोई कीमत नहीं!चाहे गरीब हो या अमीर!सादगी ,सादे रहन- सहन में  नहीं सोच में  झलकती है!

Grooming

खुद को आकर्षित बनाओ !अपने लिबास पर ध्यान दे!परिस्थिति के अनुसार ही वस्त्र धारण करे! यदि आप कॉलेज़ में पढ़ाते हैं तो साधारण कमीज़ और पैंट पहन सकते हैं!

साधारण बालों का तरीका!लेकिन अगर आप किसी कंपनी में मैनेजर हैं तो कोट पैंट और टाई भी चलेगा! आपका रहन सहन वातावरण के अनुसार होना चाहिये।यही आपके व्यक्तित्व को दर्शाता है!   

Personality skills 

अपने व्यक्तित्व को आकर्षित बनाने के लिये ,(जो की  सबसे बड़ा  turning point होता है, व्यक्तित्व के विकास ( personality development) के लिए  ,  इसलिए पहले हमें जानना होगा । 

जब हम किसी व्यक्ति से पहली बार मिलते हैं,हमेशा याद रखें,होठों पर  हल्की सी मुस्कुराहट रखें! उसकी आँखों में देखकर हल्की सी मुस्कान के साथ हाथ आगे बढ़ाइए!

बड़ी विनम्रता से हाथ मिलाईये! इससे आपका आत्मविश्वास और स्वाभिमान झलकता है! छोटी-छोटी बातें ही व्यक्तित्व को निखारने में बहुत योगदान देती हैं !

आपकी पहली मुलाकात लोगों पर बहुत असर डालती है! पहली बार देखने से ही व्यक्ति के बारे में अंदाज़ा हो जाता है!फिर आपका व्यवहार लोगों को बहुत प्रभावित करता है!

Strength

आपके व्यक्तित्व की सबसे शक्तिशाली यंत्र होता है,”आपके बातचीत करने का अंदाज़” (How to improve communication skills?)हमेशा याद रखिये,You’re the best. Believe in yourself.

बहुत बार ऐसी स्थिति आ जाती है कि हम समझ नहीं पाते की कहाँ से बात शुरु करें? क्या बात की जाये? इस प्रशन का उत्तर हाल-चाल पूछने से शुरु करना है!

याद रखें,बातचीत के दौरान आपके होठों पर हल्की सी मुस्कान हर पल रहे! अगर समझ नहीं आ रहा क्या बात की जाये!तो सबसे सरल है की आप उस व्यक्ति से उसी के बारे में बात करें!

उसके काम में दिलचस्पी लें!सवाल पूछें उनके काम के बारे में! इससे माहौल भी दिलचस्प होगा और उस बंदे को लगेगा कि आप उसमें दिलचस्पी रखते हैं! उसका सम्मान करते हैं!उनकी नजरों में आपकी इज़्ज़त और भी बढ़  जायेगी!

Personality features or traits.

व्यक्तित्व के सम्बंध में और भी बहुत सी बातों का ध्यान रखना चाहिये!कुछ ऐसे कारक  भी हैं जो हमारे व्यक्तित्व पर सीधा प्रभाव डालते हैं!आइये उनके बारे में भी ज्ञान प्राप्त करते हैं.

looks

(Personality reflects your looks.)व्यक्तित्व की पहली सीढ़ी है “बाहरी रुप”! सबसे पहले नज़र पडती है तो वो है आपका खुद को दिखाने का तरीका!हमेशा याद रखिये जो आप पर अच्छा लगता है स्थिति के अनुसार वही धारण कीजिये!अगर आपको अच्छा महसूस हो रहा है,वही आपके व्यक्तित्व का आईना बनकर सामने आयेगा!

       

Beauty

                   

( Personality reflects your beauty) सही मायने में  हर इन्सान की खूबसूरती उसके मन में छुपी होती है! कभी भी सुन्दरता के रुप में अपना मोल ना लगाये! हर पल हर लन्हाँ याद रखें,आप खुदा की बनाई हुई खूबसूरत तस्वीर हैं जैसे भी हैं,बहुत ही खूबसूरत !

अपनी खूबसूरती को सजाना आपके ही हाथ में है!जो आप पर अच्छा लगता है वही कीजिये…फैशन के साथ चलना चाहिये लेकिन अपने व्यक्तित्व के विकास(Personality Development)के लिये वही प्रयोग कीजिये जो आप पर जँचता है! ( you feel comfortable)वही सबसे अच्छा विकल्प है!आपकी मुस्कुराहट और सादगी से बड़ा कोई गहना नहीं!

Behaviour

                     

(Personality reflects in your behaviour) सच ही तो है,आपका व्यवहार आपके व्यक्तित्व को दर्शाता है!बड़ों के लिये आदर ,छोटों से प्यार,

और बुजुर्गों का सम्मान,बचपन से दिये वो अनमोल रत्न है जो किसी का भी मन मोह ले! अपने व्यवहार को हर किसी के लिये मधुर रखें! शिष्टाचार का पालन करें! हर इन्सान का सम्मान करें! यही कुछ छोटी-छोटी बातें हैं जो हमारे व्यक्तित्व को चमकाती है!

Character

                       

(Personality reflects in character) एक शानदार व्यक्तित्व चरित्र में ही झलकता है! प्यार के दो बोल,दिल में इंसानियत,दयालुता, प्यार-अपनापन सभी तो चरित्र के परिचायक हैं !

काम छोटा हो या बड़ा,हर इन्सान को इज़्ज़त देना,जरुरतमंदों की मदद करना यही तो है हर इन्सान के दिल में रहने का राम-बाण! दौलतमंद होना ज़रूरी नहीं बस एक खुबसूरत सा दिल हो जो हर दिल में  अपना मुकाम बना सकता है!

  व्यक्तित्व को समझने के बाद भी ऐसे कईं सवाल दिमाग में आते हैं,जिनका उत्तर नहीं मिल पता!दूसरे शब्दों में  कहें तो कुछ ऐसे प्रश्न जो हमारे मन में ही रह जाते हैं! आइये ऐसे ही कुछ सवालों के जवाब ढूंढने की कोशिश करते हैं!!

निष्कर्ष(conclusion )

        

सभी बातों को गौर करने के बाद,व्यक्तित्व शब्द अब समझ आने लगा है। हर इन्सान अपने आप में  ही एक खूबसूरत प्रतिकृति है। उससे सम्बन्धित हर बात, चरित्र, व्यवहार, प्रकृति, विचार इत्यादि सभी उसके व्यक्तित्व का ही हिस्सा हैं ।स्वयं को ही निखार कर दूसरों के लिये एक उदाहरण प्रस्तुत किया जा सकता है।

कुछ भी नामुमकिन नहीं, एक शानदार व्यक्तित्व के मालिक हैं आप। थोड़ा सा बदलाव भी  आपका व्यक्तित्व निखार (personality development)सकता है। आप हमेशा खुश रहें, स्वस्थ रहें।

QUESTIONS AND ANSWERS:‐

Question 1. What is the actual meaning of personality?

Answer: To maintain self respect and self confidence..(अपने आत्मविश्वास और आत्मसम्मान को कायम रखना!)

Question 2. कीमती कपड़ों या कीमती चीज़ों से ही व्यक्तित्व झलकता है?

Answer: एक शानदार व्यक्तित्व के लिये दौलत की नहीं, अच्छी सूझ-बूझ की आवश्यकता होती है! स्थिति के अनुसार ही खुद को ढाले! साफ़-सुथरे लिबास का प्रोग करें! (What you have is enough)

Question 3. एक अच्छे व्यक्तित्व का मूल-मंत्र क्या है?

Answer: “सादा जीवन उच्च विचार” (Be the real you).

Question 4. Is personality genetic? व्यक्तित्व क्या जन्म से आता है?

Answer: Personality is not genetic. व्यक्तित्व जन्म से नहीं  आता लेकिन जिस माहौल में  आप बड़े हुए उसका प्रभाव ज़रूर पड़ता है!

Question 5. कीमती वेशभूषा में भी व्यक्तित्व बुरा लग सकता है?

Answer: कीमती वेशभूषा में  भी personality  down हो सकती है अगर माहौल या परिस्थिति के अनुसार खुद को तैयार नहीं  किया! उदाहरण के तौर पर  अगर किसी की मृत्यु पर  सूट-बूट पहनकर जायें तो कैसा लगेगा! सब पर impression downहो जाता है!

Question 6. किसी से मिलने पर सबसे पहले क्या नोटिस किया जाता है?

Answer:Body language  and behaviour

Question 7.पहली बार मिलने पर सबसे पहले क्या करना चाहिये?

Answer: किसी भी व्यक्ति से सबसे पहले मिलने पर होठों पर हल्की सी मुस्कान रखें! Eye contact भी बहुत ज़रूरी है! फिर प्यार से हाथ मिलायें या हाथ जोड़कर अभिवादन करें!

Question 8. क्या व्यक्तित्व  को बदला जा सकता है ?

Answer: बिल्कुल बदला जा सकता है! इच्छा-शक्ति और सकारत्मक सोच आपने एक अलग ही बदलाव ला सकती है!

Question 9. Personality पर किस किसका प्रभाव पड़ता है ?

Answer: घर का माहौल, दोस्तों की संगति, इसके अलावा चरित्र और स्वभाव भी आपके व्यक्तित्व को प्रभावित करते हैं!

Question 10. दोहरा व्यक्तित्व (Dual personality)क्या है?

Answer: कुछ लोगों का बर्ताव थोड़ा अलग होता है! कभी कुछ तो कभी कुछ..!इन सबसे बचने के लिये सबसे ज्यादा ज़रूरी है! आप जैसे हैं ,वैसे ही रहें (Be the real you) fake बनने की कोशिश ना करे! सच्चाई की अपनी ही पहचान होती है!

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